अनूपगढ़ (श्रीगंगानगर): राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले के अनूपगढ़ में ईसाई धर्म के प्रचार और कथित तौर पर धर्म परिवर्तन के लिए आर्थिक प्रलोभन देने का मामला सामने आया है। नई धान मंडी में धर्म परिवर्तन के लिए लोगों को कथित रूप से प्रेरित करने के आरोप में कई लोगों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई है। मामले के तार पंजाब के जालंधर से जुड़े होने का भी आरोप लगाया गया है।
चक पांच पी, अनूपगढ़ निवासी सुरजीत पुत्र श्यामलाल ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह 7 जुलाई को अपने मित्र राकेश भांभू से मिलने नई धान मंडी गया था। वहां घड़साना निवासी गौरीशंकर ईसाई धर्म से जुड़ी प्रचार सामग्री लोगों को बांट रहा था।
शिकायत के मुताबिक, गौरीशंकर ने खुद को जालंधर स्थित ‘द चर्च ऑफ साइनस एंड वेंडर्स’ का सदस्य बताया और कहा कि वह संस्था के लिए प्रचार करता है। आरोप है कि वह प्रार्थना सभाओं के दौरान गंभीर बीमारियों के ठीक होने, आंखों की रोशनी लौटने, चलने-फिरने में सक्षम होने और गूंगे व्यक्ति के बोलने जैसे चमत्कारों का दावा करता था।
जालंधर बुलाने और ₹50 हजार देने का आरोप
सुरजीत ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया कि गौरीशंकर ने उसे जालंधर चलने के लिए कहा। उसे बताया गया कि वहां 13 और 16 अगस्त को बड़े कार्यक्रम आयोजित होंगे और उसे ‘यहोवा की शरण’ में ले जाया जाएगा।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि इसके बदले 50 हजार रुपये दिलाने का प्रलोभन दिया गया। गौरीशंकर ने कथित तौर पर इस गतिविधि के पीछे मुख्य प्रचारक डॉक्टर अंकुर युसूफ नरूला और पास्टर सोनिया युसूफ नरूला का नाम बताया।
बीमारी ठीक करने और पैसों का लालच देने का आरोप
परिवादी का आरोप है कि गौरीशंकर सीमावर्ती इलाके में लोगों को धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित करता था। शिकायत के मुताबिक, बीमारी ठीक होने और आर्थिक मदद मिलने का भरोसा देकर लोगों को चर्च से जुड़ने और प्रार्थना सभाओं में शामिल होने के लिए कहा जाता था।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि पंजाब के गिद्दड़बाहा निवासी प्रचारक दीप प्रधान के माध्यम से प्रचार-प्रसार के लिए गौरीशंकर के बैंक खाते में 50 हजार रुपये तक की राशि जमा कराई जाती थी।
कई अन्य लोगों के नाम भी शिकायत में
सुरजीत ने राजू जौन निवासी वार्ड-24 धक्का बस्ती घड़साना, कालू निवासी दो एसटीआर घड़साना, दयानंद निवासी श्रीगंगानगर, शिवा और उसकी पत्नी सहित कई अन्य लोगों पर भी कथित धर्म परिवर्तन और प्रचार गतिविधियों में शामिल होने के आरोप लगाए हैं।
शिकायतकर्ता ने पुलिस से प्रचार सामग्री, सदस्यता पहचान पत्र, कथित तौर पर धर्म परिवर्तन करने वाले लोगों और संबंधित व्यक्तियों के बैंक खातों की जांच कराने की मांग की है। साथ ही नामजद लोगों और संस्था के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है।
पुलिस ने शुरू की जांच
पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच एएसआई सुरेंद्र बिश्नोई को सौंपी है। पुलिस के अनुसार, गौरीशंकर को पाबंद किया गया था और शनिवार को उपखंड मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किए जाने के बाद उसे जमानत मिल गई।
फिलहाल पुलिस मामले में लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है। धर्म परिवर्तन, आर्थिक लेन-देन और संबंधित संस्था से जुड़े दावों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
