जोधपुर और पाली जिले की सीटों के लिए बीजेपी ने शुरू की सही उम्मीदवारों की खोजबीन

जोधपुर व पाली जिलों की सीटों पर नए सिरे से प्रत्याशी चयन करने की जिम्मेदारी राजस्थान सरकार में गृह मंत्री गुलाब चंद कटारिया को दी गई है

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विधानसभा चुनाव के लिए जिताऊ प्रत्याशी की तलाश में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के निर्देश पर पार्टी ने एक बार फिर आंतरिक सर्वे शुरू कर दिया है. जोधपुर व पाली जिलों की सीटों पर नए सिरे से प्रत्याशी चयन करने की जिम्मेदारी राजस्थान सरकार में गृह मंत्री गुलाब चंद कटारिया को दी गई है. वे यहां दोनों जिलों की सभी 16 सीटों पर पार्टी के पदाधिकारियों से राय ले रहे है.

गृह मंत्री गुलाब चंद कटारिया के लिए इमेज परिणाम

नए सिरे से की जा रही इस कवायद में टिकट की होड़ में अब तक सबसे आगे माने जा रहे कुछ दावेदारों के समीकरण पूरी तरह से गड़बड़ा गए हैं. वहीं अब कई नए दावेदारों के नाम उभर कर सामने आ रहे हैं. जो पुराने दावेदारों के माथे पर पसीना ला रहे हैं. खबरों की मानें तो पार्टी जोधपुर जिले की शेरगढ़, ओसियां, लोहावट, भोपालगढ़ में पार्टी मौजूदा विधायकों पर ही भरोसा जता रही है. जबकि फलोदी में वरिष्ठ नेता जसवंत सिंह विश्नोई का नाम करीब-कीरब तय है. शेष पांच सीटों पर पार्टी नए सिरे से सोच-विचार कर रही है. इन पांच में से चार सीटों पर भाजपा के ही विधायक है, लेकिन अमित शाह की तरफ से कराए गए ताजा सर्वे में इनकी रिपोर्ट सही नहीं पाए जाने पर पार्टी ने नए सिरे से टिकट के लिए कवायद शुरू की है.

सूत्रों के अनुसार जोधपुर शहर विधानसभा क्षेत्र से पार्टी के सर्वे में अब तक तीन नाम प्रमुखता से उभर कर सामने आए हैं. वर्तमान विधायक कैलाश भंसाली के भतीजे अतुल भंसाली, उप महापौर देवेन्द्र सालेचा और जितेन्द्र लोढ़ा. मुख्यमंत्री का खेमा भंसाली को तथा सांसद गजेन्द्र सिंह शेखावत का गुट सालेचा के पक्ष में है. दोनों नाम पर सहमति नहीं बनने के बाद अब संघ की पृष्ठभूमि वाले परिवार के लोढ़ा का नाम सामने निकल कर आया है.

इसी तरह पार्टी पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता अशोक गहलोत के सामने सरदारपुरा सीट पर किसी ऐसे दमदार प्रत्याशी की खोज में जुटी है, जो गहलोत को यहीं पर उलझा कर रख सके. लेकिन अभी तक कोई ऐसा प्रभावशाली नाम सामने आया नहीं है. पार्टी यहां से गहलोत के सजातीय नरेन्द्र सिंह कच्छवाह पर दाव खेल सकती है. वैसे राजपूत प्रत्याशी के तौर पर जेडीए चेयरमैन महेन्द्र सिंह व शंभूसिंह खेतासर के नाम पर भी विचार किया जा रहा है.

सूरसागर विधासनभा क्षेत्र में पार्टी किसी नए चेहरे की तलाश में है. इसमें पार्टी संगठन से जुड़े और संघ पृष्ठभूमि वाले हेमंत घोष का नाम सभी दावेदारों के बीच में से उभर कर सामने आ रहा है. उनके अलावा महापौर घनश्याम ओझा भी दौड़ में हैं. पार्टी यहां से किसी युवा चेहरे की तलाश में है. इतना तय है कि पार्टी यहां से किसी ब्राह्मण को ही टिकट देकर ब्राह्मण मतदाताओं को अपने पीला में खींचने की कोशिश करेगी.

वहीँ लूणी विधानसभा क्षेत्र में पार्टी इस बार नया प्रयोग करने के मूड में है. यहां से पार्टी मारवाड़ के कद्दावर जाट नेता व राज्य सभा सांसद रामनारायण डूडी पर दाव खेल सकती है. डूडी के माध्यम से पार्टी को मारवाड़ के जाट मतदाताओं को साधने में आसानी रहेगी. इसी के साथ-साथ डूडी को मैदान में उतारने का फायदा और भी कई सीटों पर मिलेगा. माना जाता है कि रामनारायण डूडी की कई सीटों पर अच्छी पकड़ है.

वहीं सुरक्षित बिलाड़ा विधानसभा क्षेत्र में पार्टी इस बार किसी नए चैहरे की तलाश में है. इस दौरान पार्टी के सामने दो-तीन नाम आए हैं, लेकिन पार्टी अभी भी इस दुविधा में फसी हुई है कि यहां से किसी नए पर भरोसा जताया जाए या किसी नए खिलाडी को मैदान में उतारा जाए.